बसों की खतरनाक डिजाइन पर NHRC सख्त, सभी राज्यों को भेजा नोटिस, दो हफ्ते में मांगी रिपोर्ट

बसों की खतरनाक डिजाइन पर NHRC सख्त, सभी राज्यों को भेजा नोटिस, दो हफ्ते में मांगी रिपोर्ट

बसों की खतरनाक डिजाइन पर NHRC सख्त, सभी राज्यों को भेजा नोटिस, दो हफ्ते में मांगी रिपोर्ट
बसों की खतरनाक डिजाइन पर NHRC सख्त, सभी राज्यों को भेजा नोटिस, दो हफ्ते में मांगी रिपोर्ट

नई दिल्ली, । राष्ट्रीय मानवाधिकार आयोग (एनएचआरसी) ने देश के सभी राज्यों और केंद्र शासित प्रदेशों के मुख्य सचिवों को पत्र भेजकर सार्वजनिक परिवहन बसों की असुरक्षित डिजाइन पर गंभीर चिंता जताई है। आयोग को मिली शिकायतों में आरोप लगाया गया है कि कई बसों में ड्राइवर केबिन को पूरी तरह अलग बनाया जा रहा है, जिससे आग लगने या आपात स्थिति में ड्राइवर और यात्रियों के बीच समय पर संवाद नहीं हो पाता। आयोग ने इसे यात्रियों की जान के लिए बड़ा खतरा बताया और इसे अनुच्छेद 21 के तहत जीवन के मौलिक अधिकार का गंभीर उल्लंघन माना है। शिकायत में कहा गया था कि हाल के दिनों में कई बसों में सफर के दौरान आग लगने की घटनाएं सामने आईं, जिनमें कई लोगों की मौत हो गई। आयोग की पीठ (जिसकी अध्यक्षता सदस्य प्रियंक कानूनगो कर रहे थे) ने मामले की गंभीरता को देखते हुए संरक्षण मानव अधिकार अधिनियम, 1993 की धारा 12 के तहत संज्ञान लिया और परिवहन मंत्रालय व केंद्रीय सड़क परिवहन संस्थान (सीआईआरटी) पुणे से दो सप्ताह के भीतर विस्तृत एक्शन टेकन रिपोर्ट (एटीआर) मांगी।
सीआईआरटी ने अपनी रिपोर्ट में बताया कि राजस्थान परिवहन विभाग के अनुरोध पर की गई जांच में हादसे वाली बस में कई गंभीर कमियां मिलीं।
बस बॉडी निर्माण में मानकों का उल्लंघन किया गया था। स्लीपर बसों में ड्राइवर पार्टिशन डोर नियमों के खिलाफ है, फिर भी लगाया गया था। 12 मीटर से लंबी बसों में कम से कम 5 आपात निकास अनिवार्य हैं पर उपलब्ध नहीं थे।

बसों की खतरनाक डिजाइन पर NHRC सख्त, सभी राज्यों को भेजा नोटिस, दो हफ्ते में मांगी रिपोर्ट
बसों की खतरनाक डिजाइन पर NHRC सख्त, सभी राज्यों को भेजा नोटिस, दो हफ्ते में मांगी रिपोर्ट


2019 से अनिवार्य फायर डिटेक्शन एंड सप्रेशन सिस्टम (एफडीएसएस) बस में मौजूद नहीं था। स्लीपर कोच के स्लाइडर और चेसिस एक्सटेंशन जैसे खतरनाक हिस्से बगैर अनुमति लगाए गए थे।
सीआईआरटी ने कई अहम सुझाव दिए। केंद्रीय सड़क परिवहन संस्थान का कहना है कि सभी स्लीपर कोचों में ड्राइवर पार्टिशन हटाया जाए, एफडीएसएस अनिवार्य रूप से लगाया जाए, 10 किलो के फायर एक्सटिंग्विशर चेक किए जाएं और नियमों के उल्लंघन वाले सभी बस बॉडी डिजाइन तत्काल बंद किए जाएं।
आयोग ने कहा कि 14 अक्टूबर को जिस बस में आग लगी, वह पूरी तरह नियमों की अनदेखी का परिणाम था। न केवल निर्माता और बॉडी बिल्डर, बल्कि फिटनेस सर्टिफिकेट जारी करने वाले अधिकारी भी गंभीर लापरवाही के दोषी हैं। आयोग ने इसे स्पष्ट रूप से क्रिमिनल नेग्लिजेंस करार दिया।
आयोग ने कहा सड़क परिवहन और राजमार्ग मंत्रालय, भारत सरकार सभी राज्यों को नियमों के सख्त पालन के लिए एडवाइजरी जारी करे। कोई भी बस ऑपरेटर या बॉडी बिल्डर सुरक्षा मानकों से बच न सके, इसके लिए राष्ट्रीय स्तर पर तंत्र तैयार किया जाए।
सभी मुख्य सचिव सीआईआरटी की सभी सिफारिशों को राज्यभर में लागू करें। लापरवाह अधिकारियों और निर्माताओं पर तत्काल कार्रवाई हो। पीड़ित परिवारों को उचित मुआवजा व सहायता दी जाए। सभी राज्यों को दो सप्ताह के भीतर एटीआर भेजने का आदेश दिया गया है।

ऑपरेशन चक्रव्यूह : प्रतापगढ़ में 10 करोड़ रुपए की MD ड्रग्स जब्त, दो गिरफ्तार

ऑपरेशन चक्रव्यूह : प्रतापगढ़ में 10 करोड़ रुपए की MD ड्रग्स जब्त, दो गिरफ्तार

ऑपरेशन चक्रव्यूह : प्रतापगढ़ में 10 करोड़ रुपए की MD ड्रग्स जब्त, दो गिरफ्तार
ऑपरेशन चक्रव्यूह : प्रतापगढ़ में 10 करोड़ रुपए की MD ड्रग्स जब्त, दो गिरफ्तार

जयपुर। प्रतापगढ़ जिला पुलिस अधीक्षक बी. आदित्य के निर्देशन में चलाए जा रहे विशेष अभियान ऑपरेशन चक्रव्यूह के तहत पुलिस को बड़ी सफलता मिली है। डीएसटी टीम और थाना धोलापानी पुलिस ने संयुक्त कार्रवाई कर 4 किलो 646 ग्राम एमडी ड्रग्स जब्त की है। जब्त की गई इस सिंथेटिक ड्रग्स की अंतरराष्ट्रीय बाजार में अनुमानित कीमत करीब 10 करोड़ रुपये बताई जा रही है। इस मामले में दो अभियुक्तों को भी गिरफ्तार कर एक बाइक भी जब्त कर की गई। एसपी आदित्य ने बताया कि शुक्रवार 28 नवम्बर को कार्यवाहक थानाधिकारी धोलापानी नारायण लाल ने मय जाब्ता के थाने से पहले स्पीड ब्रेकर के पास नाकाबंदी शुरू की।

ऑपरेशन चक्रव्यूह : प्रतापगढ़ में 10 करोड़ रुपए की MD ड्रग्स जब्त, दो गिरफ्तार
ऑपरेशन चक्रव्यूह : प्रतापगढ़ में 10 करोड़ रुपए की MD ड्रग्स जब्त, दो गिरफ्तार

नाकाबंदी के दौरान एक मोटरसाइकिल पर सवार दो व्यक्ति आते दिखाई दिए। पुलिस को उनके पीछे लटके बैगों में अवैध वस्तु होने का संदेह हुआ। रुकवा कर पूछने पर मोटरसाइकिल चालक ने अपना नाम जतीन पुत्र कैलाश मालवीय (22) और पीछे बैठे व्यक्ति ने जितेंद्र पुत्र रतनलाल मालवीय (27) निवासी मानपुरा थाना कोतवाली, प्रतापगढ़ होना बताया। संदिग्ध लगने पर पुलिस ने दोनों व्यक्तियों के बैगों की जाँच की, जिसमें दोनों बैगों से कुल 4 किलो 646 ग्राम एमडी बरामद हुई। पुलिस ने ड्रग्स और मोटरसाइकिल को जब्त कर लिया है तथा दोनों अभियुक्तों जतीन मालवीय और जितेंद्र मालवीय को गिरफ्तार कर लिया गया है। उनके खिलाफ एनडीपीएस एक्ट के तहत प्रकरण दर्ज कर आगे का अनुसंधान जारी है। इस कार्यवाही में धोलापानी थानाधिकारी नारायण लाल और डीएसटी प्रभारी प्रताप सिंह के नेतृत्व में पुलिस टीम ने महत्वपूर्ण भूमिका निभाई।

साइबर क्राइम पर उदयपुर पुलिस की बड़ी कार्रवाई, 9 शातिर अभियुक्त गिरफ्तार

साइबर क्राइम पर उदयपुर पुलिस की बड़ी कार्रवाई, 9 शातिर अभियुक्त गिरफ्तार

साइबर क्राइम पर उदयपुर पुलिस की बड़ी कार्रवाई, 9 शातिर अभियुक्त गिरफ्तार
साइबर क्राइम पर उदयपुर पुलिस की बड़ी कार्रवाई, 9 शातिर अभियुक्त गिरफ्तार

उदयपुर। जिला पुलिस अधीक्षक उदयपुर योगेश गोयल के कड़े निर्देश पर साइबर अपराधों के विरुद्ध चलाए जा रहे विशेष अभियान के तहत उदयपुर पुलिस ने एक बड़ी सफलता हासिल की है। जिला स्पेशल टीम, थाना सविना और थाना सुखेर की संयुक्त टीमों ने दो अलग-अलग कार्रवाइयों में कुल 09 शातिर अभियुक्तों को गिरफ्तार किया है। ये अपराधी संगठित गिरोह बनाकर ऑनलाइन जुआ-सट्टा और धोखाधड़ी के माध्यम से अवैध रूप से धन अर्जित कर रहे थे। कार्रवाई 01: कमीशन पर साइबर ठगों को उपलब्ध कराते थे बैंक खाते पहली बड़ी कार्रवाई थाना सविना क्षेत्र में 26 नवम्बर को की गई, जिसमें पुलिस ने 06 अभियुक्तों को गिरफ्तार किया। गिरफ्तार गिरोह के मुख्य सदस्यों में सुधीर कालरा (42) व मनीष कालरा (40) निवासी सविना , यजत साधवानी (42) निवासी भूपालपुरा, कैदार बागडी (37) निवासी हिरणमगरी उदयपुर, सुदेश मीणा (23) निवासी खेड़ली अलवर और सागर सामरिया (29) निवासी भेस्तान जिला सूरत गुजरात शामिल हैं। इस टीम ने विभिन्न खाताधारकों से कमीशन पर लिए गए 32 पासबुक, 16 चैक बुक और 73 एटीएम कार्ड जब्त किए। साथ ही अपराध में इस्तेमाल हो रहे 25 मोबाइल और 1 लैपटॉप भी बरामद किया गया। यह गिरोह Pay Image Online App के माध्यम से ऑनलाइन जुआ-सट्टा की राशि खातों में मँगवाता था और हवाला के जरिए वापस भेजता था, जिससे मोटी कमीशन लेता था।

साइबर क्राइम पर उदयपुर पुलिस की बड़ी कार्रवाई, 9 शातिर अभियुक्त गिरफ्तार
साइबर क्राइम पर उदयपुर पुलिस की बड़ी कार्रवाई, 9 शातिर अभियुक्त गिरफ्तार


कार्रवाई 02 : ऑनलाइन गेमिंग से ठगी करने वाला गिरोह हत्थे चढ़ा
दूसरी कार्रवाई में थाना सुखेर पुलिस और डीएसटी ने गुरुवार 27 नवम्बर को प्रियदर्शनी नगर बेदला में एक अन्य संगठित गिरोह का पर्दाफाश किया। यहां से 03 अभियुक्तों राजन वैष्णव (33) व नीनाद वैष्णव (24) निवासी सुखेर और रिदम वैष्णव (27) निवासी सविना हाल सुखेर को गिरफ्तार किया गया। ये अपराधी ऑनलाइन गेमिंग के नाम पर धोखाधड़ी करते थे। इनका तरीका लोगों से कमीशन पर बैंक खाते खरीदना, उन्हें आगे कमीशन पर देना और फिर धोखे से ऑनलाइन गेमिंग की राशि ट्रांसफर कराकर ठगी करना था। तीनों अभियुक्त वर्तमान में पुलिस रिमांड पर हैं, जिनसे उनके ठगी के तरीकों और खाताधारकों के संबंध में गहन पूछताछ की जा रही है।
पुलिस ने दर्ज किए गंभीर मामले
दोनों कार्रवाइयों में पकड़े गए अभियुक्तों के खिलाफ गंभीर धाराओं में मामले दर्ज किए गए हैं। गिरफ्तार अभियुक्तों से उनके सहयोगियों और अपराध में उनकी संलिप्तता के बारे में और जानकारी निकालने के लिए अग्रिम अनुसंधान जारी है।

नागौर में ऑपरेशन नीलकण्ठ की बड़ी सफलता, 64 लाख का डोडाचूरा जब्त—एक गिरफ्तार, तीन आरोपी फरार

नागौर में ऑपरेशन नीलकण्ठ की बड़ी सफलता, 64 लाख का डोडाचूरा जब्त—एक गिरफ्तार, तीन आरोपी फरार

नागौर में ऑपरेशन नीलकण्ठ की बड़ी सफलता, 64 लाख का डोडाचूरा जब्त—एक गिरफ्तार, तीन आरोपी फरार
नागौर में ऑपरेशन नीलकण्ठ की बड़ी सफलता, 64 लाख का डोडाचूरा जब्त—एक गिरफ्तार, तीन आरोपी फरार

नागौर। जिला पुलिस अधीक्षक नागौर मृदुल कच्छावा के निर्देशन में अवैध मादक पदार्थों की रोकथाम हेतु चलाए जा रहे ऑपरेशन नीलकण्ठ के तहत नागौर पुलिस ने एक बड़ी कार्रवाई को अंजाम दिया है। डेगाना पुलिस थाना और डीएसटी टीम नागौर ने संयुक्त रूप से कार्रवाई करते हुए लगभग ₹64 लाख रुपये कीमत का 425 किलो 700 ग्राम अवैध डोडाचूरा जब्त किया है। इसके साथ ही, परिवहन में प्रयुक्त एक स्कॉर्पियो वाहन, एक 12 बोर पम्प एक्शन गन मय 7 कारतूस और फर्जी नंबर प्लेटें भी बरामद की गई हैं। पुलिस ने जोधपुर ग्रामीण निवासी अमृतलाल पुत्र ओमप्रकाश जाट को गिरफ्तार किया है, जबकि तीन अन्य आरोपी फरार हैं। नाकाबंदी तोड़ने के बाद फायरिंग एसपी कच्छावा ने बताया कि गुरुवार को तड़के 3:00 बजे थानाधिकारी डेगाना हरीश सांखला मय जाप्ता और डीएसटी टीम डेगाना-कितलसर बाईपास पर नाकाबंदी कर रहे थे। एक स्कॉर्पियो वाहन तेज स्पीड में आते हुए दिखी, जिसे रुकने का इशारा किया गया। लेकिन चालक नाकाबंदी तोड़कर भाग निकला और लगभग 50 मीटर आगे वाहन का टायर फटने से रुक गया। वाहन से तीन व्यक्ति उतरकर पास के खेत की जाली तोड़ते हुए भागे। पीछा करने के दौरान भाग रहे व्यक्तियों में से एक ने अमृत हथियार से फायर कर कहते हुए पुलिस टीम पर जान से मारने की नीयत से एक फायर किया।

नागौर में ऑपरेशन नीलकण्ठ की बड़ी सफलता, 64 लाख का डोडाचूरा जब्त—एक गिरफ्तार, तीन आरोपी फरार
नागौर में ऑपरेशन नीलकण्ठ की बड़ी सफलता, 64 लाख का डोडाचूरा जब्त—एक गिरफ्तार, तीन आरोपी फरार


पुलिस टीम ने घेरा देकर एक व्यक्ति को दबोच लिया, जिसने अपना नाम अमृत पुत्र ओमप्रकाश जाट (27) निवासी मादलिया, जोधपुर ग्रामीण बताया। भागने वाले अन्य आरोपियों की पहचान भोपाल विश्नोई निवासी पांचला सिद्धा और गणेश बेनिवाल निवासी गोगलाव के रूप में हुई। वाहन की नियमानुसार तलाशी लेने पर कुल 23 कट्टों में 425 किलो 700 ग्राम अवैध डोडाचूरा पोस्त, एक 12 बोर पम्प एक्शन गन मय 7 कारतूस और फर्जी नंबर प्लेटें जब्त की गईं।
इस संबंध में पुलिस थाना डेगाना पर एनडीपीएस एक्ट के तहत प्रकरण दर्ज कर अनुसंधान शुरू कर दिया गया है। गिरफ्तार अभियुक्त अमृतलाल से पूछताछ जारी है, जबकि फरार आरोपियों भोपालराम पंवार, गणेश बेनिवाल और इस मामले से जुड़े एक अन्य वांछित निम्बाराम पुत्र मोहनराम निवासी जसनाथपुर, खींवसर की तलाश में पुलिस टीमें लगातार दबिश दे रही हैं। पुलिस टीम द्वारा इस तस्करी नेटवर्क के जड़ों तक पहुंचने के लिए गहन अनुसंधान जारी है।
इस कार्रवाई में डीएसटी के कांस्टेबल संजीव धायल और सुरेश का विशेष योगदान रहा।

धर्मशाला में 1 दिसम्बर को होगी एंटी-चिट्टा जागरूकता वाॅकाथाॅन, सीएम करेंगे नेतृत्व: उपायुक्त

धर्मशाला में 1 दिसम्बर को होगी एंटी-चिट्टा जागरूकता वाॅकाथाॅन, सीएम करेंगे नेतृत्व: उपायुक्त

धर्मशाला में 1 दिसम्बर को होगी एंटी-चिट्टा जागरूकता वाॅकाथाॅन, सीएम करेंगे नेतृत्व: उपायुक्त
धर्मशाला में 1 दिसम्बर को होगी एंटी-चिट्टा जागरूकता वाॅकाथाॅन, सीएम करेंगे नेतृत्व: उपायुक्त

धर्मशाला। उपायुक्त कांगड़ा हेमराज बैरवा ने आज यहां कहा कि हिमाचल प्रदेश सरकार द्वारा नशे के विरुद्ध छेड़े गए व्यापक अभियान के तहत 1 दिसम्बर, 2025 को धर्मशाला में राज्य स्तरीय एंटी-चिट्टा अवेयरनेस वााॅकाथाॅन आयोजित की जा रही है। इस महत्वपूर्ण आयोजन में माननीय मुख्यमंत्री स्वयं शामिल होंगे और रैली का नेतृत्व करेंगे। उन्होंने कहा कि एंटी-चिट्टा वाॅकाथाॅन प्रातः 9ः30 बजे दाड़ी मेला मैदान से आरम्भ होगी तथा पुलिस ग्राउंड धर्मशाला तक आयोजित की जाएगी। रैली में युवा, विद्यार्थी, स्वयंसेवी संगठन, विभिन्न विभागों के अधिकारी-कर्मचारी, सामाजिक कार्यकर्ता और बड़ी संख्या में स्थानीय नागरिक भाग लेंगे।

धर्मशाला में 1 दिसम्बर को होगी एंटी-चिट्टा जागरूकता वाॅकाथाॅन, सीएम करेंगे नेतृत्व: उपायुक्त
धर्मशाला में 1 दिसम्बर को होगी एंटी-चिट्टा जागरूकता वाॅकाथाॅन, सीएम करेंगे नेतृत्व: उपायुक्त

उपायुक्त ने बताया कि हिमाचल प्रदेश सरकार ने चिट्टे एवं अन्य मादक पदार्थों के दुष्प्रभावों से युवाओं को बचाने और नशामुक्त हिमाचल के निर्माण के उद्देश्य से तीन माह का व्यापक, बहुस्तरीय और समन्वित जागरूकता अभियान शुरू किया है। इस अभियान का शुभारंभ 15 नवम्बर, 2025 को शिमला में मुख्यमंत्री द्वारा किया गया था। इसके बाद प्रदेश के सभी जगह जन-सहभागिता पर आधारित कई कार्यक्रम आयोजित किए जा रहे हैं।
उन्होंने कहा कि वाॅकाथाॅन में नशा विरोधी संदेशों पर आधारित सांस्कृतिक प्रस्तुति के साथ ही पुलिस बैंड द्वारा भी प्रस्तुति दी जायेगी। उपायुक्त ने जिला कांगड़ा के नागरिकों से अपील की कि वे नशामुक्त हिमाचल के निर्माण में योगदान दें। उन्होंने कहा कि युवाओं को सकारात्मक दिशा देना, खेल-संस्कृति को बढ़ावा देना और नशे के खिलाफ मजबूत संदेश देना समय की आवश्यकता है।

ड्राइंग टीचर का ACP लगाने के लिए माँगी थी ₹20,000 की रिश्वत, क्लर्क के खिलाफ कोर्ट में चालान

ड्राइंग टीचर का ACP लगाने के लिए माँगी थी ₹20,000 की रिश्वत, क्लर्क के खिलाफ कोर्ट में चालान

ड्राइंग टीचर का ACP लगाने के लिए माँगी थी ₹20,000 की रिश्वत, क्लर्क के खिलाफ कोर्ट में चालान
ड्राइंग टीचर का ACP लगाने के लिए माँगी थी ₹20,000 की रिश्वत, क्लर्क के खिलाफ कोर्ट में चालान

अंबाला। हरियाणा राज्य सतर्कता एवं भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो, अंबाला ने भ्रष्टाचार के एक पुराने मामले में त्वरित कानूनी कार्रवाई करते हुए आरोपी क्लर्क रमेश कुमार के विरुद्ध न्यायालय, कैथल में चालान (Charge Sheet) पेश कर दिया है। यह चालान भ्रष्टाचार निवारण अधिनियम (P.C. Act) की धारा 7, 13(1)बी सहपठित 13(2) के तहत प्रस्तुत किया गया है। यह मामला शिकायतकर्ता की शिकायत पर दर्ज किया गया था, जिसमें उसने आरोप लगाया था कि उनकी पत्नी रजनी देवी, जो कि एक ड्राइंग टीचर हैं, उनके ए.सी.पी. (Assured Career Progression) लगाने की सरकारी कार्रवाई को पूरा करने के एवज में आरोपी क्लर्क रमेश कुमार रिश्वत की मांग कर रहा था। रमेश कुमार कैथल स्थित जिला मौलिक शिक्षा अधिकारी कार्यालय में क्लर्क के पद पर तैनात था।

ड्राइंग टीचर का ACP लगाने के लिए माँगी थी ₹20,000 की रिश्वत, क्लर्क के खिलाफ कोर्ट में चालान
ड्राइंग टीचर का ACP लगाने के लिए माँगी थी ₹20,000 की रिश्वत, क्लर्क के खिलाफ कोर्ट में चालान

शिकायतकर्ता ने बताया था कि क्लर्क रमेश कुमार द्वारा उससे ₹20,000/- की नकद रिश्वत की मांग की गई थी। रंगे हाथों हुआ था गिरफ्तार शिकायत मिलते ही राज्य सतर्कता एवं भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो, अंबाला ने त्वरित कार्रवाई करते हुए एक जाल बिछाया। ब्यूरो की टीम ने आरोपी रमेश कुमार, क्लर्क को शिकायतकर्ता से ₹20,000/- की नकद रिश्वत लेते हुए रंगे हाथों गिरफ्तार किया था।
आरोपी क्लर्क रमेश कुमार के खिलाफ यह कार्रवाई 13.09.2023 को ही अभियोग संख्या 23 धारा 7, 13(1)बी सहपठित 13(2) पी.सी. एक्ट 1988 के तहत थाना राज्य सतर्कता एवं भ्रष्टाचार निरोधक ब्यूरो, अंबाला में दर्ज कर ली गई थी। ब्यूरो द्वारा इस मामले में जांच पूरी करने के बाद अब उसके खिलाफ कोर्ट में चालान पेश किया गया है, जिससे अब क्लर्क पर कानूनी शिकंजा और कस गया है।

मणिपुरः असम राइफल्स की चौकी पर उग्रवादियों का हमला, चार जवान घायल

मणिपुरः असम राइफल्स की चौकी पर उग्रवादियों का हमला, चार जवान घायल

मणिपुरः असम राइफल्स की चौकी पर उग्रवादियों का हमला, चार जवान घायल
मणिपुरः असम राइफल्स की चौकी पर उग्रवादियों का हमला, चार जवान घायल

इंफाल । मणिपुर के तेंगनौपाल जिले के साइबोल क्षेत्र में शुक्रवार को असम राइफल्स की एक अस्थायी चौकी पर अज्ञात हथियारबंद उग्रवादियों ने अचानक से हमला बोल दिया। यह चौकी 3 असम राइफल्स की अल्फा कंपनी के जवानों की थी। प्राप्त जानकारी के मुताबिक, हमलावरों ने पहले हैंड ग्रेनेड फेंके और फिर भारी गोलीबारी शुरू कर दी। चौकी में तैनात जवानों ने तुरंत जवाबी फायरिंग की, जिसके बाद दोनों तरफ से करीब 15-20 मिनट तक गोलियां चलती रहीं। इसके बाद हमलावर अंधेरे और घने जंगल का फायदा उठाकर भाग निकले। सुरक्षा बलों के अनुसार, इस हमले में असम राइफल्स के चार जवान घायल हो गए। इनमें से एक जवान को पेट में गोली लगी है और उसकी हालत गंभीर बनी हुई है। सभी घायलों को सबसे पहले नजदीकी फील्ड अस्पताल में प्राथमिक उपचार दिया गया, फिर हेलीकॉप्टर से इंफाल के मिलिट्री अस्पताल में भर्ती कराया गया।

मणिपुरः असम राइफल्स की चौकी पर उग्रवादियों का हमला, चार जवान घायल
मणिपुरः असम राइफल्स की चौकी पर उग्रवादियों का हमला, चार जवान घायल


हालांकि, अभी तक असम राइफल्स और मणिपुर पुलिस की ओर से कोई आधिकारिक बयान नहीं आया है। किसी संगठन ने अब तक हमले की जिम्मेदारी नहीं ली है।
हमले के तुरंत बाद पूरे इलाके को सील कर दिया गया। अतिरिक्त असम राइफल्स और मणिपुर पुलिस की टुकड़ियां पहुंच गई हैं, और जंगलों में बड़ा सर्च ऑपरेशन चल रहा है। ड्रोन और हेलीकॉप्टर से भी निगरानी की जा रही है।
तेंगनौपाल जिला म्यांमार की सीमा से सटा हुआ है, और पिछले कुछ महीनों से यहां फिर से उग्रवादी गतिविधियां बढ़ गई हैं। मई 2023 में शुरू हुई कुकी-मैतेई जातीय हिंसा के बाद यह इलाका अशांत है।
स्थानीय लोगों के मुताबिक, सुबह की गोलीबारी और धमाकों की आवाज कई किलोमीटर दूर तक सुनाई दी। इसके बाद से गांवों में दहशत का माहौल है और लोग घरों से बाहर नहीं निकल रहे।
सेना के वरिष्ठ अधिकारी मौके पर पहुंच चुके हैं और स्थिति पर कड़ी नजर रखी जा रही है।

इमरान खान को लेकर जारी बवाल के बीच बेटे कासिम ने दी चेतावनी, पूर्व पीएम के जिंदा होने के मांगे सबूत

इमरान खान को लेकर जारी बवाल के बीच बेटे कासिम ने दी चेतावनी, पूर्व पीएम के जिंदा होने के मांगे सबूत

इमरान खान को लेकर जारी बवाल के बीच बेटे कासिम ने दी चेतावनी, पूर्व पीएम के जिंदा होने के मांगे सबूत
इमरान खान को लेकर जारी बवाल के बीच बेटे कासिम ने दी चेतावनी, पूर्व पीएम के जिंदा होने के मांगे सबूत

नई दिल्ली । अफगानिस्तान के दावे के बाद से पाकिस्तान में इन दिनों पूर्व प्रधानमंत्री और पाकिस्तान तहरीक-ए-इंसाफ के प्रमुख इमरान खान को लेकर चिंताजनक खबरें सामने आ रही हैं। बीते कुछ दिनों से पाकिस्तान में ये अटकलें तेज हो गई हैं कि जेल में बंद इमरान खान की हत्या कर दी गई है। हालांकि, बीते दिनों जेल अधिकारियों की ओर से इन सभी अटकलों से साफ इनकार कर दिया गया। इस बीच इमरान खान के बेटे ने अपने ताजा बयान से एक बार फिर इस संदेह को मजबूत कर दिया है। दरअसल, अफगानिस्तान मीडिया की बिना वेरिफाई की गई रिपोर्टों में दावा किया गया कि अदियाला जेल में हिरासत के दौरान पीटीआई चीफ की मौत हो गई। इसी सिलसिले में अब पूर्व पाकिस्तानी पीएम इमरान खान के बेटे कासिम खान ने सबके सामने यह कन्फर्म करने की मांग की है कि उनके पिता जिंदा हैं। इसके अलावा, कासिम ने पिता इमरान खान की तुरंत रिहाई की मांग भी की है। कासिम खान ने गुरुवार को सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर पोस्ट कर कहा कि इमरान खान को जेल में बंद हुए 845 दिन हो गए हैं, और उनके पिता ने कथित तौर पर पिछले छह हफ्ते डेथ सेल में बिताए हैं और परिवार के सदस्यों को उनसे मिलने नहीं दिया जा रहा है।
कासिम ने लिखा, “पिछले छह हफ्तों से, उन्हें पूरी तरह से आइसोलेशन के माहौल में डेथ सेल में अकेले रखा गया है। कोर्ट के साफ आदेशों के बावजूद उनकी बहनों को मुलाकात से रोक दिया गया है। कोई फोन कॉल नहीं, कोई मुलाकात नहीं, और उनकी खैरियत की कोई खबर नहीं। मैं और मेरा भाई किसी भी तरह से अपने पिता से संपर्क नहीं कर पाए हैं।”

इमरान खान को लेकर जारी बवाल के बीच बेटे कासिम ने दी चेतावनी, पूर्व पीएम के जिंदा होने के मांगे सबूत
इमरान खान को लेकर जारी बवाल के बीच बेटे कासिम ने दी चेतावनी, पूर्व पीएम के जिंदा होने के मांगे सबूत


इसके अलावा, कासिम ने आरोप लगाया कि इस स्तर की गोपनीयता कोई रेगुलर सिक्योरिटी उपाय नहीं है, बल्कि खान की हालत छिपाने और उनके परिवार से बातचीत रोकने की जानबूझकर की गई कोशिश है।
उन्होंने आगे कहा, “यह साफ कर दें कि पाकिस्तानी सरकार और उसके आका मेरे पिता की सुरक्षा और इस अमानवीय आइसोलेशन के हर नतीजे के लिए पूरी कानूनी, नैतिक और इंटरनेशनल जिम्मेदारी लेंगे।”
इस पूरे मामले में कासिम ने दुनिया के नेताओं, इंटरनेशनल कोर्ट और मानवाधिकार संगठनों से हस्तक्षेप करने की अपील की है। इसके अलावा, उन्होंने इमरान खान के हालात को लेकर आधिकारिक पुष्टि, कोर्ट के फैसलों के मुताबिक बातचीत का एक्सेस देने, और आइसोलेशन वाले डेथ सेल को खत्म करने की मांग की है।
वहीं, इमरान खान की बहन ने जोर देकर कहा, “समाधान आसान है। कोर्ट के आदेशों का पालन करें और उनके परिवार, उनके वकीलों और उनकी पार्टी लीडरशिप को उनसे मिलने दें।”
इमरान खान के परिवार ने भी चेतावनी दी है कि अधिकारी उन्हें नुकसान पहुंचाने की हिम्मत नहीं करेंगे। उन्होंने कहा, “हम मानते हैं कि वह सुरक्षित हैं क्योंकि अधिकारी इमरान खान को चोट पहुंचाने की हिम्मत नहीं करेंगे। वे इसके नतीजों को अच्छी तरह जानते हैं। वह कम से कम 90 फीसदी पाकिस्तानियों के नेता हैं।”
पीटीआई चीफ इमरान खान अगस्त 2023 से जेल में हैं। उन्हें 2022 में अविश्वास प्रस्ताव के जरिए सत्ता से हटा दिया गया था। तब से वह भ्रष्टाचार और आतंकवाद समेत कई मामलों का सामना कर रहे हैं। इस साल जनवरी में कोर्ट ने उन्हें और उनकी पत्नी को भ्रष्टाचार के एक मामले में दोषी ठहराया था। कोर्ट ने उन्हें 14 साल और सात साल की सजा सुनाई थी।

अलवर में ज्वेलरी शॉप लूट का 4 दिन में खुलासा: इंटर-स्टेट गैंग का शातिर बदमाश गिरफ्तार

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अलवर में ज्वेलरी शॉप लूट का 4 दिन में खुलासा: इंटर-स्टेट गैंग का शातिर बदमाश गिरफ्तार
अलवर में ज्वेलरी शॉप लूट का 4 दिन में खुलासा: इंटर-स्टेट गैंग का शातिर बदमाश गिरफ्तार

अलवर। अलवर के तिजारा रोड स्थित आर्चीड गार्डन के सामने स्थित एक ज्वैलर्स शोरूम पर हुई लूट की गंभीर वारदात का पुलिस ने मात्र चार दिनों में खुलासा कर मुख्य आरोपी सागर उर्फ संजय यादव पुत्र संजीव कुमार उर्फ संजय (20) निवासी इस्माइलपुर थाना बादली जिला झज्जर हरियाणा को गिरफ्तार कर लाखों के जेवर बरामद करने में सफलता हासिल की है। एसपी सुधीर चौधरी ने बताया कि 22 नवंबर को तिजारा रोड आर्चीड गार्डन के सामने स्थित राधा ज्वैलर्स नामक दुकान पर लूट की एक गंभीर वारदात हुई थी। परिवादी ने थाना शिवाजी पार्क पर रिपोर्ट दर्ज कराई कि दोपहर करीब 3:00 बजे अचानक 3 लड़के दुकान में घुस आए। उन्होंने धक्का देकर उसे गिरा दिया और धारदार दराती गर्दन पर रख दी। आरोपियों ने तिजोरी खोलकर उसमें से करीब 250 से 300 ग्राम सोने के आभूषण (जिसमें 600 नग सोने की नोज पिन, बालियां, मंगलसूत्र, अंगूठियां आदि शामिल थे), चांदी के आभूषण और करीब एक लाख रुपये नकद लूट लिए। इस संबंध में थाना शिवाजी पार्क पर मुकदमा दर्ज कर अनुसंधान शुरू किया गया। इस सनसनीखेज वारदात का त्वरित खुलासा करने के लिए एसपी चौधरी के निर्देश पर अतिरिक्त पुलिस अधीक्षक कांबले शरण गोपीनाथ आईपीएस, सीओ शिवानी आईपीएस और अंगद शर्मा के सुपरविजन में थाना शिवाजी पार्क, डीएसटी टीम, साइबर टीम और थाना एनईबी, बगड़ तिराहा, सदर, मालाखेड़ा, नौगांवा, रामगढ़ आदि से टीम गठित की गई।

अलवर में ज्वेलरी शॉप लूट का 4 दिन में खुलासा: इंटर-स्टेट गैंग का शातिर बदमाश गिरफ्तार
अलवर में ज्वेलरी शॉप लूट का 4 दिन में खुलासा: इंटर-स्टेट गैंग का शातिर बदमाश गिरफ्तार


तकनीकी सहायता और मुखबिरों से प्राप्त आसूचना के आधार पर पुलिस ने महज चार दिन के भीतर ही वारदात के मुख्य आरोपी को ट्रेस कर लिया। मुख्य आरोपी सागर उर्फ संजय पुत्र संजीव कुमार उर्फ संजय को गिरफ्तार कर लिया गया। गिरफ्तार आरोपी सागर उर्फ संजय एक शातिर अपराधी है, जिसके खिलाफ पहले से ही हरियाणा के बादली, फरुखनगर, दुजाना और लाइन पार बहादुरगढ़ थानों में लूट, आर्म्स एक्ट और चोरी के कई मामले दर्ज हैं। पुलिस ने आरोपी के कब्जे से लूट के सामान में से ₹2400/- नगद और बड़ी संख्या में सोने तथा चांदी जैसे धातुओं के आभूषण, जिनमें मंगलसूत्र, पैण्डल, कांटे, नोज पिन, बाली, पायजेब आदि शामिल थे, बरामद किए हैं।
इस जटिल मामले के खुलासे में थानाधिकारी शिवाजी पार्क चन्द्रशेखर के नेतृत्व में कार्यरत टीम-01 ने घटनास्थल की रिकॉर्डिंग, पूछताछ और रूट की पहचान करने में विशेष भूमिका निभाई, वहीं डीएसटी और साइबर टीमों ने तकनीकी साक्ष्यों से मदद की। पुलिस अब गिरफ्तार आरोपी से गहनता से पूछताछ कर रही है। लूट की वारदात में शामिल इस गिरोह को मदद करने वाले अन्य आरोपियों की पहचान हो चुकी है और उन्हें भी जल्द ही गिरफ्तार कर लिया जाएगा।

दौसा : कोलवा थाना पुलिस ने 15 लाख की चोरी का खुलासा, नकबजन गिरफ्तार; 64 ग्राम सोना बरामद

दौसा : कोलवा थाना पुलिस ने 15 लाख की चोरी का खुलासा, नकबजन गिरफ्तार; 64 ग्राम सोना बरामद

दौसा : कोलवा थाना पुलिस ने 15 लाख की चोरी का खुलासा, नकबजन गिरफ्तार; 64 ग्राम सोना बरामद
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दौसा। जिले के कोलवा थाना पुलिस ने ग्राम कुण्डल में हुई बड़ी चोरी की वारदात का खुलासा कर आरोपी राजेश उर्फ सुखराम बावरिया को गिरफ्तार कर लिया है। पुलिस ने उसके कब्जे से 64 ग्राम सोना बरामद किया है। कैसे हुई थी चोरी थानाधिकारी रामशरण के अनुसार, 18 अगस्त की रात रामस्वरूप पुत्र मूलचंद शर्मा, निवासी कुण्डल के घर में अज्ञात चोर घुस गए थे। चोरों ने कमरे में रखी अलमारी और लोहे के बक्से का ताला तोड़कर सोने-चांदी के जेवरात और नकदी सहित कुल 15 लाख रुपए की चोरी कर ली थी।
पुलिस की संयुक्त कार्रवाई
चोरी की गंभीर वारदात को देखते हुए थाना पुलिस और साइबर सेल की संयुक्त टीम गठित की गई। टीम ने क्षेत्र के सैकड़ों सीसीटीवी कैमरों के फुटेज खंगाले।

दौसा : कोलवा थाना पुलिस ने 15 लाख की चोरी का खुलासा, नकबजन गिरफ्तार; 64 ग्राम सोना बरामद
दौसा : कोलवा थाना पुलिस ने 15 लाख की चोरी का खुलासा, नकबजन गिरफ्तार; 64 ग्राम सोना बरामद

साइबर सेल के कांस्टेबल महेन्द्र कुमार ने तकनीकी संसाधनों की मदद से बीटीएस कॉल डिटेल और अन्य तकनीकी साक्ष्यों का विश्लेषण किया, जिसके आधार पर आरोपी की पहचान की गई।
आरोपी की गिरफ्तारी
आरोपी राजेश उर्फ सुखराम बावरिया, निवासी राजवास थाना बरोनी (जिला टोंक), हाल खानाबदोश गणेशपुरा, को गिरफ्तार कर उसके कब्जे से 64 ग्राम जेवराती सोना जब्त किया गया।
टीम का विशेष योगदान
कार्रवाई में थानाधिकारी रामशरण सहित साइबर सेल के एएसआई प्रेम नारायण, एचसी हरीशंकर, राजेंद्र प्रसाद, संजय कुमार, कमलेश और महेंद्र कुमार शामिल रहे। मामले में राजेंद्र और महेंद्र की विशेष भूमिका रही।