
जोधपुर। पश्चिमी राजस्थान के सबसे बड़े चिकित्सा केंद्र, मथुरादास माथुर (MDM) अस्पताल ने हृदय रोगियों के उपचार की दिशा में एक बड़ी उपलब्धि हासिल की है। अस्पताल में अब 24 बेड की अत्याधुनिक कॉर्डियक केयर यूनिट (CCU) तैयार की गई है, जिससे गंभीर हृदय रोगियों को अब इलाज के लिए दिल्ली या मुंबई जैसे महानगरों की दौड़ नहीं लगानी पड़ेगी।
अस्पताल के अधीक्षक डॉ. विकास राजपुरोहित ने बताया कि अस्पताल प्रशासन लगातार नई तकनीक और सुविधाओं पर काम कर रहा है। इस आधुनिक CCU यूनिट के निर्माण में सूरसागर विधायक देवेंद्र जोशी और स्थानीय भामाशाहों ने महत्वपूर्ण सहयोग दिया है। वर्तमान में इस अस्पताल में 2100 बेड फंक्शनल हैं, जो इसकी बढ़ती क्षमता को दर्शाते हैं। नया CCU वॉर्ड न केवल चिकित्सा की दृष्टि से उन्नत है, बल्कि इसे बेहद सुविधाजनक भी बनाया गया है:

अत्याधुनिक उपकरण: प्रत्येक बेड पर मॉनिटर और वेंटिलेटर की सुविधा उपलब्ध है। साथ ही यूनिट के भीतर ही एक नई ईको मशीन भी लगाई गई है।
कैथ लैब टेक्नोलॉजी: विभाग के हेड डॉ. रोहित माथुर के नेतृत्व में यहाँ आधुनिक कैथ लैब विकसित की जा रही है, जिससे जटिल सर्जरी और प्रक्रियाएं स्थानीय स्तर पर संभव होंगी।
लग्जरी वॉर्ड: वॉर्ड को एक होटल की तरह लग्जरी लुक दिया गया है, ताकि मरीजों को बेहतर और तनावमुक्त वातावरण मिल सके।
डॉ. राजपुरोहित के अनुसार, जीवनशैली में बदलाव के कारण कार्डियक मरीजों की संख्या बढ़ रही है। पहले जिन उन्नत उपचारों के लिए मरीजों को मुंबई या दिल्ली रेफर किया जाता था, वे सभी सुविधाएं अब जोधपुर में ही उपलब्ध हैं। इस यूनिट के शुरू होने से न केवल समय की बचत होगी, बल्कि मरीजों को समय पर विशेषज्ञ सेवाएं मिल सकेंगी, जिससे ‘गोल्डन ऑवर’ में जान बचाना आसान होगा।

