
उदयपुर। हाथीपोल थाना क्षेत्र में एक निजी स्कूल के टीचर को 8वीं कक्षा की नाबालिग छात्रा से छेड़छाड़ के आरोप में शुक्रवार को बच्ची के परिजनों और रिश्तेदारों के गुस्से का शिकार होना पड़ा। परिजनों ने स्कूल पहुंचकर आरोपी टीचर की बुरी तरह पिटाई कर दी, जिससे वह घायल हो गया और उसे अस्पताल में भर्ती कराना पड़ा। पुलिस ने बच्ची के परिजनों की शिकायत पर छेड़छाड़ का मामला दर्ज कर लिया है और जांच शुरू कर दी है। पीड़ित 12 वर्षीय बच्ची के परिजनों ने बताया कि दो दिन पहले टीचर ने किताबों के बहाने बच्ची को छूकर छेड़छाड़ की कोशिश की। इसके बाद, गुरुवार को होमवर्क चेक करते समय उसने बच्ची से कहा, “तेरे गाल तो लाल और मुलायम है। तुझे तो नहीं मारूंगा,” जो एक आपत्तिजनक टिप्पणी थी। छुट्टी के बाद बच्ची ने घर पहुंचकर यह बात अपनी मां को बताई। परिजनों ने तुरंत स्कूल प्रिंसिपल से शिकायत की, लेकिन उनका आरोप है कि प्रिंसिपल ने इस पर कोई कार्रवाई नहीं की।

प्रिंसिपल द्वारा कार्रवाई न करने से नाराज परिजन और उनके रिश्तेदार शुक्रवार को स्कूल पहुंचे। उनका कहना है कि जब वे आरोपी टीचर से बात करने गए, तो उसे कहीं छिपा दिया गया। बाद में जब टीचर सामने आया, तो परिजनों ने उसके साथ जोरदार मारपीट की।
मार्पीट में टीचर के पैर में गंभीर चोटें आईं, जिसके बाद उसे तुरंत एमबी हॉस्पिटल में भर्ती कराया गया, जहां उसका इलाज चल रहा है।
घटना की सूचना मिलने पर हाथीपोल थाना पुलिस तुरंत मौके पर पहुंची। परिजनों की ओर से थाने में नाबालिग से छेड़छाड़ का मामला (केस दर्ज) कराया गया है। पुलिस ने मामले की जांच शुरू कर दी है।
गौरतलब है कि करीब दो माह पूर्व, इसी निजी स्कूल की एक दूसरी शाखा में एक जिम ट्रेनर द्वारा 13 साल की नाबालिग से रेप की घटना सामने आई थी। इस मामले पर भी काफी विरोध प्रदर्शन हुआ था और पुलिस ने आरोपी जिम ट्रेनर को गिरफ्तार किया था। इस पृष्ठभूमि में, वर्तमान घटना ने स्कूल परिसर में बच्चों की सुरक्षा पर गंभीर सवाल खड़े कर दिए हैं।

