करोड़ों रुपए की सरकारी भूमि पर अतिक्रमण का आरोप, भाजपा पार्षद ने संभाला मोर्चा, ग्रामीणों के साथ उपखंड अधिकारी को सौंपा ज्ञापन
लालसोट । उपखंड मुख्यालय पर वार्ड संख्या 18 व 19 के बीच स्थित नगर परिषद की सरकारी भूमि (खसरा नंबर 2664, रकबा 2 बीघा 12 बिस्वा) पर प्रभावशाली लोगों द्वारा अवैध अतिक्रमण किए जाने का मामला सामने आया है। अनीता के खिलाफ भाजपा पार्षद सुरेश सैनी की अगुवाई में ग्रामीणों ने परिषद पर अनदेखी का आरोप लगाते हुए सोमवार को उपखंड अधिकारी को ज्ञापन सौंपा। भाजपा पार्षद सुरेश कुमार सैनी, दीपक कुमार शर्मा, विकास शर्मा, रवि शर्मा, गोलू सैनी, सोनू सैनी, गोविंद सैनी, महेंद्र सैनी, गोविंद कुमार सहित अनेक लोगों ने ज्ञापन में बताया कि संबंधित भूमि नगर परिषद के नाम दर्ज है तथा मास्टर प्लान में इसे ग्रीन जोन पार्क के रूप में घोषित किया गया है। इसके बावजूद कुछ प्रभावशाली लोग करोड़ों रुपए मूल्य की इस भूमि पर चारदीवारी बनाकर कब्जा करने में लगे हुए हैं।
करोड़ों रुपए की सरकारी भूमि पर अतिक्रमण का आरोप, भाजपा पार्षद ने संभाला मोर्चा, ग्रामीणों के साथ उपखंड अधिकारी को सौंपा ज्ञापन
ग्रामीणों ने आरोप लगाया कि प्रेम कुमार और राजेश कुमार शर्मा ने 15 नवंबर की रात्रि को, वह भी सरकारी अवकाश के दिन, पत्थर डालकर जबरन बाउंड्री दीवार निर्माण शुरू कर दिया। ग्रामीणों का कहना है कि नगर परिषद को सूचना देने के बावजूद कोई ठोस कार्रवाई नहीं की गई और केवल खानापूर्ति की गई। इससे वार्डवासियों में गहरा रोष व्याप्त है। इधर, उपखंड अधिकारी विजेंद्र मीणा ने बताया कि ग्रामीणों ने पार्षद की अगुवाई में नगर परिषद की खसरा नंबर 2664 पर हो रहे अतिक्रमण की शिकायत प्रस्तुत की है। उन्होंने कहा कि नगर परिषद आयुक्त को मामले की समुचित जानकारी व सभी तथ्यों सहित रिपोर्ट पेश करने के आदेश जारी किए जाएंगे। ग्रामीणों ने मांग की है कि दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई की जाए और अवैध निर्माण हटाया जाए, अन्यथा उन्हें आंदोलन का रास्ता अपनाने के लिए बाध्य होना पड़ेगा
कर्नाटक: उधार के पैसे चुकाने का झांसा दे महिला से गैंग रेप, चार गिरफ्तार
कोप्पल (कर्नाटक) । कर्नाटक के कोप्पल में उधार के 5,000 रुपए चुकाने का झांसा देकर महिला के साथ गैंगरेप किया गया। पीड़िता की शिकायत पर चार आरोपियों को पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया है। यलबुर्गा पुलिस थाने में शिकायत दर्ज कराई गई। गिरफ्तार आरोपियों की पहचान गजेंद्रगढ़ के लक्ष्मण और बसवराज, और यलबुर्गा के मुत्तुराज और शाहीकुमार के रूप में हुई है। पुलिस के मुताबिक रविवार को मद्दुरा के एक जीर्ण-शीर्ण घर में वारदात को अंजाम दिया गया था। पीड़िता ने अपनी शिकायत में बताया कि लक्ष्मण ने उसे 5 हजार रुपए चुकाने के नाम पर कुष्टुगी बुलाया। वहां उसे बाइक पर बिठा कर ले गया फिर जूस पिलाया जिसमें कुछ नशीला पदार्थ मिला था। बाद में उसने अपने दूसरे साथियों संग मिलकर उसका रेप किया। पुलिस ने भारतीय न्याय संहिता (बीएनएस) की धारा 115(20), 70, 351(2), और 3(5) के तहत मामला दर्ज किया है। अधिक जानकारी की प्रतीक्षा है। कुछ हफ्ते पहले भी गैंगरेप की वारदात कर्नाटक से रिपोर्ट हुई थी। 23 अक्टूबर को 30 वर्षीय महिला के साथ तीन लोगों ने ज्यादती की थी। पीड़ित महिला पश्चिम बंगाल की मूल निवासी थी और बेंगलुरू में रहती थी। वारदात के बाद तीनों आरोपी फरार हो गए थे, जिन्हें बाद में पुलिस ने गिरफ्तार कर लिया था।
कर्नाटक: उधार के पैसे चुकाने का झांसा दे महिला से गैंग रेप, चार गिरफ्तार
महिला की शिकायत पर पुलिस अधीक्षक सीके बाबा ने जांच की कमान अपने हाथ में ली थी। मौका-ए-वारदात से साक्ष्य जुटा कर रात भर चले अभियान के बाद तीनों को गिरफ्तार कर लिया था। पुलिस ने बताया था कि तीनों आरोपियों ने महिला के घर पर धावा बोल रुपए और बहुमूल्य सामान उन्हें सौंपने को कहा था। महिला का मोबाइल फोन और 25 हजार कैश लूट लिए थे। तीन लोगों ने उसका रेप किया, जबकि चौथा शख्स गार्ड की तरह खड़ा रहा। इससे पहले मानसिक रूप से विक्षिप्त महिला के साथ भी गैंगरेप की वारदात सामने आई थी। इस पूरी वारदात की वीडियो रिकॉर्डिंग भी की गई थी। इसका पता 9 अगस्त को चल पाया था, जब पीड़ित के भाई ने हसन पुलिस में शिकायत दर्ज कराई थी। शिकायत में महिला के भाई ने बताया था कि उसे मोबाइल पर एक क्लिप मिली थी जिसमें बहन के साथ दरिंदगी होती देख उसे घटना का पता चला था।
नसोपुर में 22 वर्षीय महिला की संदिग्ध मौत: युवक पर मानसिक प्रताड़ना व उकसाकर हत्या का आरोप
अलवर। बगड़ तिराया थाना क्षेत्र के ग्राम नसोपुर में शनिवार देर शाम एक 22 वर्षीय महिला की संदिग्ध परिस्थितियों में मौत का मामला सामने आया है। मृतका आयशा ने कथित रूप से जहरीला पदार्थ सेवन किया, जिसके बाद उसकी स्थिति बिगड़ने पर परिजन उसे अस्पताल लेकर पहुंचे, जहां डॉक्टरों ने उसे मृत घोषित कर दिया। परिजनों ने आयशा की मौत के लिए साबिर नाम के युवक को जिम्मेदार ठहराते हुए गंभीर आरोप लगाए हैं। मृतका के भाई खालिद ने बताया कि आयशा की पहली शादी वर्ष 2020 में हरियाणा के दोबा निवासी आलिम से हुई थी, लेकिन वैवाहिक संबंधों में विवाद के चलते दो साल बाद दोनों का तलाक हो गया। बाद में परिवार ने उसकी दूसरी शादी टॉफीक नाम के युवक से कराई, लेकिन यह रिश्ता भी एक साल के अंदर टूट गया।
नसोपुर में 22 वर्षीय महिला की संदिग्ध मौत: युवक पर मानसिक प्रताड़ना व उकसाकर हत्या का आरोप
इसके बाद आयशा अपने पियर आकर रहने लगी। घर लौटने के बाद आयशा पिछले तीन महीने से साबिर नाम के युवक से बातचीत कर रही थी। परिजनों का आरोप है कि साबिर ने आयशा से करीब 40 हजार रुपये उधार लिए थे और जब आयशा पैसे मांगती थी तो वह उसे मानसिक तौर पर प्रताड़ित करता था। आरोप यह भी है कि युवक ने उसे इतना दबाव में रखा कि उसने जहर खाकर जान देने जैसा कदम उठा लिया। घटना की सूचना मिलते ही पुलिस मौके पर पहुंची और आवश्यक कार्रवाई करते हुए शव का पोस्टमार्टम करवाया। बगड़ तिराया थाना पुलिस ने परिजनों के बयान दर्ज कर जांच शुरू कर दी है। पुलिस फिलहाल मामले को संदिग्ध मानते हुए सभी पहलुओं से जांच कर रही है। अधिकारियों का कहना है कि पोस्टमार्टम रिपोर्ट और आगे की जांच से ही मौत के कारणों की वास्तविक स्थिति स्पष्ट हो पाएगी।
पत्नी के अलग होने से मानसिक तनाव में युवक ने फांसी लगाकर दी जान
अलवर। शहर के उद्योग नगर थाना क्षेत्र स्थित पंडित कॉलोनी में रविवार को एक घटना सामने आई, जहां 38 वर्षीय राजेश कुमार पुत्र किशनलाल निवासी जाडला ने फांसी लगाकर आत्महत्या कर ली। घटना की जानकारी मिलते ही उद्योग नगर थाना पुलिस मौके पर पहुंची और पूरे मामले की जांच शुरू की। थाने के एएसआई मदनलाल ने बताया कि शुरुआती जांच में यह सामने आया है कि मृतक राजेश की पत्नी करीब तीन महीने पहले उसे छोड़कर चली गई थी, जिसके बाद वह मानसिक तनाव में रहने लगा था। पत्नी के अलग होने के कारण राजेश अंदर ही अंदर टूट गया था और लगातार तनाव में रहने लगा था।
पत्नी के अलग होने से मानसिक तनाव में युवक ने फांसी लगाकर दी जान
इसी तनाव के चलते उसने शराब पीना शुरू कर दिया था और धीरे-धीरे वह शराब का आदी हो चुका था। परिजनों और परिचितों के अनुसार राजेश कुछ समय से काफी परेशान चल रहा था और अकेलेपन में ज्यादा रहता था। रविवार को राजेश ने अपने किराए के कमरे में फांसी लगाकर अपने जीवन का अंत कर लिया। घटना का पता लगते ही आसपास के लोगों ने पुलिस को सूचना दी। मौके पर पहुंची पुलिस टीम ने मृतक को नीचे उतरवाया और शव को पोस्टमार्टम के लिए राजीव गांधी जिला अस्पताल की मोर्चरी में भिजवाया। पोस्टमार्टम के बाद शव परिजनों को सौंप दिया गया।
किशनगढ़ बास के मूसाखेडा में महिला ने 9 माह की बेटी का गला घोटकर हत्या की
किशनगढ़ बास। खैरथल तिजारा जिले के किशनगढ़ बास पुलिस थाना क्षेत्र के गांव मुसाखेडा में दिल को दहला देने वाला मामला सामने आया है। मामला है कि मां ने अपनी ही नौ महीने की दूघ पीतीं मासूम बेटी का गला दबाकर के हत्या कर दी है। मासूम बच्ची के दादा आजाद खान ने पुलिस को लिखित में शिकायत देकर पुत्रवधू रूनीजा पर पोती का गला दबा करके हत्या कर देने का आरोप लगाया है। इतना ही नहीं महिला पर यह भी आरोप है कि उसने तीन दिन पहले ही चारे में भैंसों को जहर दिया था जिससे भैंस मर गई थी वहीं इससे पूर्व में महिला घर में भी आग लगा चूंकि है। रविवार को पुलिस की निगरानी में किशनगढ़ बास सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्र पर घटना की गम्भीरता को देखते हुए मासूम बच्ची का मैडिकल बोर्ड गठित कर पोस्टमार्टम कराया गया। जानकारी के अनुसार महिला रूनीजा किशनगढ़ बास पुलिस थाना क्षेत्र के गांव बाघौर की बेटी है और तीन साल पहले 2022 में मुसाखेडा में शादी होकर आई थी। महिला ने नौ महीने पहले ही इस मासूम बच्ची को जन्म दिया था। उस नौ माह की मासूम बच्ची को क्या मालूम था कि जिस मां ने नौ माह पहले जन्म दिया आज वही मां गला दबा कर मुझे खत्म कर देंगी।
किशनगढ़ बास के मूसाखेडा में महिला ने 9 माह की बेटी का गला घोटकर हत्या की
महिला का पति और मासूम बच्ची का पिता कैफ मौहम्मद किशनगढ़ बास में हलवाई की दुकान पर काम करता है। मूसाखेडा के आजाद पुत्र नसरूदीन ने पुलिस को लिखित रिपोर्ट में बताया कि शनिवार रात करीब 9.30 पर रूनीजा अपने कमरे में बच्ची के साथ सौ रही थी, तभी कुछ अंदर से आवाज सी आई तो तभी मैंने कमरे का गेट खोलकर देखा तो मेरी पुत्र वधु रूनीजा अपनी मासूम बच्ची अक्सा का गला घोट रही थी जब तक मैं पहुंचा तो उसने बच्ची का गला घोटकर उसको मार दिया। मैंने तुरंत बच्ची को उठाकर उसके मुंह में श्वास भरी और उसकी छाती भी हल्की हल्की दबाई मगर तब तक बच्ची के प्राण निकल चुके थे। बेटे कैफ मौहम्मद जो किशनगढ़ बास में काम करता है उसे सूचना दी तो वह रात 10 बजे घर पहुंचा तो उसे घटना बताई।
घर में हल्ला होने पर आवाज सुनकर गांव बस्ती के लोग इकट्ठा हो गए और कहने लगे की लड़की के पीयर वालों को खबर करो तो हमने उनको खबर दी तो उन्होंने कहा कि हम सुबह गांव में आकर ही बातचीत करेंगे। सुबह तक उनके आने की इंतजार करते रहे लेकिन वह बीच रास्ते ही वापस लौट गए और घर नहीं आए। आजाद खा ने बताया है कि रूनीजा 13 11 2025 को भैंसों को चारे में जहर मिलाकर खिला चुकी है जिससे भैंस मर गई। इससे पहले भी रूनीजा ने घर में ही आग लगा दी थी। थानाधिकारी जितेंद्र सिंह शेखावत ने बताया कि महिला के ससूर आजाद पुत्र नसरूदीन ने अपनी पुत्रवधू रूनीजा के खिलाफ पोती का गला घोटकर मारने की लिखित रिपोर्ट दर्ज कराई है। पुलिस ने बच्ची का मैडिकल बोर्ड से पोस्टमार्टम कराकर बच्ची परिजनों को सौंप कर मामले की जांच कर रही है। अस्पताल में पोस्टमार्टम के दौरान दोनों पक्षों के युवकों के बीच नोंकझोंक होने पर पुलिस ने युवकों को हिरासत में लेकर समझाइश कर विवाद को शान्त किया।
कर्नाटक : बेंगलुरु में डिजिटल गिरफ्तारी में फंसे शख्स से 32 करोड़ की ठगी, साइबर अपराध का नया तरीका उजागर
बेंगलुरु । कर्नाटक की राजधानी बेंगलुरु में एक चौंकाने वाला साइबर ठगी का मामला सामने आया है। एक व्यक्ति को डिजिटल गिरफ्तारी के नाम पर डराया-धमकाया गया और उससे करीब 32 करोड़ रुपए ठग लिए गए। पीड़ित ने पुलिस में शिकायत दर्ज कराई है। यह ठगी 15 सितंबर 2024 से शुरू हुई और कई महीनों तक चली। ठगों ने सीबीआई, साइबर क्राइम और आरबीआई का नाम लेकर पीड़ित को घर में कैदी बना दिया। 15 सितंबर की सुबह 11 बजे पीड़ित के फोन पर कॉल आई। कॉल करने वाला खुद को डीएचएल कंपनी का कर्मचारी बता रहा था। उसने कहा, “आपने मुंबई के अंधेरी डीएचएल सेंटर से एक पैकेज बुक किया है। पैकेज में 3 क्रेडिट कार्ड, 4 पासपोर्ट और ड्रग्स (एमडीएमए) मिले हैं।” पीड़ित ने कहा, “मैं मुंबई गया ही नहीं, मैं तो बेंगलुरु में रहता हूं।” ठग ने जवाब दिया, “यह साइबर क्राइम है। आपका नाम, पता और फोन नंबर इस्तेमाल हुआ है।” फिर बिना कुछ कहे, कॉल को सीबीआई के नाम से किसी और को ट्रांसफर कर दिया। सीबीआई बताने वाले व्यक्ति ने धमकाया, “सबूत आपके खिलाफ हैं। आप जिम्मेदार हैं। अगर आपने लोकल पुलिस को बताया या वकील से मदद ली, तो आपकी जान को खतरा है। अपराधी आपके घर की निगरानी कर रहे हैं।” उन्होंने कहा, “परिवार को कुछ मत बताना, वरना उन्हें भी फंसाया जाएगा।” पीड़ित के बेटे की शादी तय थी, इसलिए वह डर गया और किसी को कुछ नहीं बताया। ठगों ने स्काइप ऐप डाउनलोड करने को कहा। एक व्यक्ति मोहित हांडा बनकर आया। उसने कहा, “कैमरा ऑन रखो, आप घर में नजरबंद हैं।” दो दिन तक पीड़ित पर नजर रखी गई। फिर प्रदीप सिंह नाम के कथित सीबीआई अधिकारी से वीडियो कॉल पर मिलवाया गया। प्रदीप सिंह ने अच्छा व्यवहार दिखाया, लेकिन डराया भी। फिर राहुल यादव नाम का एक और व्यक्ति आया, जो हफ्ते भर स्काइप पर नजर रखता रहा।
कर्नाटक : बेंगलुरु में डिजिटल गिरफ्तारी में फंसे शख्स से 32 करोड़ की ठगी, साइबर अपराध का नया तरीका उजागर
पीड़ित डर की वजह से घर से बाहर नहीं निकला और काम भी घर से किया। 23 सितंबर को होटल में वीडियो कॉल करवाया गया। ठगों को पीड़ित की लोकेशन और फोन की हर कॉल की जानकारी थी। इससे वह और डर गया। फिर कहा गया, “आपकी बेगुनाही साबित करने के लिए आरबीआई से संपत्ति की जांच करानी होगी।” उन्होंने साइबर क्राइम के नितिन पटेल के हस्ताक्षर वाले नकली पत्र दिखाए। पीड़ित से कहा गया कि अपनी सारी संपत्ति की लिस्ट दो। बैंक खातों से नाम हटाने के लिए 90 प्रतिशत पैसा जमा करो। 24 सितंबर से 22 अक्टूबर तक पीड़ित ने अपनी सारी संपत्ति की जानकारी दे दी। फिर 2 करोड़ की जमानत मांगी गई, जो 24 अक्टूबर से 3 नवंबर तक जमा कर दी गई। इसके बाद 2.4 करोड़ का टैक्स मांगा गया, जो 18 नवंबर 2024 तक दे दिया गया। इस तरह कुल 32 करोड़ रुपये की ठगी हुई। 1 दिसंबर 2024 को कथित क्लियरेंस लेटर मिला। पीड़ित के बेटे की सगाई 6 दिसंबर को हुई। लेकिन ठगी के डर और तनाव से पीड़ित बीमार पड़ गया। एक महीने से ज्यादा समय तक बिस्तर पड़ा रहा। डॉक्टरों ने मानसिक और शारीरिक इलाज किया। इस दौरान भी स्काइप पर अपडेट देना पड़ता था। ठगों ने कहा, “25 फरवरी 2025 तक सारे पैसे वापस मिलेंगे।” लेकिन बाद में फिर टैक्स मांगने लगे। अंत में पीड़ित को शक हुआ। उसने पुलिस में प्राथमिकी दर्ज कराई। पुलिस ने बताया कि यह डिजिटल अरेस्ट फ्रॉड का नया तरीका है। ठग विदेशी नंबर, स्काइप और नकली दस्तावेजों का इस्तेमाल करते हैं। पुलिस ने चेतावनी दी कि कोई अज्ञात कॉल पर डरें नहीं। सीबीआई या पुलिस कभी फोन पर पैसे नहीं मांगती। परिवार या पुलिस को तुरंत बताएं।
दिल्ली : द्वारका में कुख्यात साइकिल चोर गिरफ्तार, 16 चोरी की साइकिल बरामद
नई दिल्ली । दिल्ली पुलिस की द्वारका दक्षिण थाना टीम ने एक बड़े सफल अभियान में कुख्यात साइकिल चोर को गिरफ्तार किया है। आरोपी के पास से 16 चोरी की साइकिल बरामद की गईं, जिससे क्षेत्र में हुई चोरी की छह घटनाओं का खुलासा हुआ। मामले की शुरुआत द्वारका दक्षिण क्षेत्र में साइकिल चोरी की बढ़ती शिकायतों से हुई, जहां कई लोगों ने साइकिल चोरी की शिकायत की। एसीपी द्वारका किशोर कुमार रेवाला के पर्यवेक्षण में इंस्पेक्टर राजेश कुमार साह (एसएचओ, द्वारका दक्षिण) ने एक विशेष टीम गठित की। टीम में हेड कांस्टेबल सुधीर कुमार (987/डीडब्ल्यू), मनोज कुमार (828/डीडब्ल्यू), गजे सिंह (1030/डीडब्ल्यू), सुरेंद्र (764/डीडब्ल्यू) और कांस्टेबल तुषार यादव (1803/डीडब्ल्यू) शामिल थे। टीम ने आसपास के इलाकों में लगे 300 से अधिक सीसीटीवी कैमरों की फुटेज खंगाली। स्थानीय मुखबिरों को सक्रिय किया गया और तकनीकी व मैनुअल खुफिया जानकारी एकत्र की गई। 28 अक्टूबर 2025 को शाम करीब 7 बजे हेड कांस्टेबल मनोज कुमार को गुप्त सूचना मिली कि चोर कुछ ही मिनटों में डीडीए पार्क या भैंस वाला पार्क के पास आएगा। टीम ने तुरंत भैंस वाला पार्क के पास घेराबंदी की।
दिल्ली : द्वारका में कुख्यात साइकिल चोर गिरफ्तार, 16 चोरी की साइकिल बरामद
कुछ देर बाद गणपति चौक की ओर से एक व्यक्ति साइकिल चलाते हुए आता दिखा। वह संदिग्ध लगा। पुलिस ने रुकने का इशारा किया, लेकिन आरोपी साइकिल छोड़कर सेक्टर 7 के डीडीए पार्क की ओर भागने लगा। पुलिस ने पीछा किया और उसे दबोच लिया। शुरुआती जांच में पता चला कि साइकिल ई-एफआईआर 80101951/2025 (धारा 303(2) बीएनएस, थाना द्वारका दक्षिण) के तहत चोरी की थी। पूछताछ में आरोपी ने कबूल किया कि उसने यह साइकिल रामफल चौक रोड, इंस्टाइल सैलून, सेक्टर 7 के सामने से चुराई थी। आगे की पूछताछ में उसने अन्य चोरियों की बात स्वीकारी। उसकी निशानदेही पर पुलिस ने विभिन्न स्थानों से 15 और साइकिल बरामद कीं। अब तक कुल 16 साइकिल बरामद हुई है। आरोपी की पहचान अमरीश तिवारी, पुत्र सतीश तिवारी, निवासी नन्हे पार्क, मटियाला, दिल्ली (स्थायी पता: गांव बरदाद, थाना मिश्रोलिया, जिला गोरखपुर, उत्तर प्रदेश) के रूप में हुई। उसके खिलाफ पहले से चार आपराधिक मामले दर्ज हैं। पुलिस उपायुक्त द्वारका जिला अंकित सिंह (आईपीएस) ने टीम की प्रशंसा की और कहा कि यह कार्रवाई पुलिस की जिम्मेदारी, मेहनत और कुशलता का प्रतीक है।
विश्व कप जीत के बाद सीएम योगी आदित्यनाथ से दीप्ति शर्मा की मुलाकात
लखनऊ। मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ की अध्यक्षता में शुक्रवार को उत्तर प्रदेश कैबिनेट की बैठक में भारतीय महिला क्रिकेट टीम को वनडे विश्वकप में मिली ऐतिहासिक जीत पर बधाई दी गई। बैठक में टीम के जज्बे, अनुशासन और शानदार प्रदर्शन की सराहना करते हुए कहा गया कि खिलाड़ियों ने देश का गौरव बढ़ाया है। इस दौरान भारतीय टीम की स्टार ऑलराउंडर दीप्ति शर्मा ने सीएम योगी से मुलाकात की। सीएम कार्यालय ने सोशल मीडिया प्लेटफॉर्म ‘एक्स’ पर इसकी तस्वीर साझा करते हुए लिखा, “मुख्यमंत्री योगी आदित्यनाथ जी महाराज से लखनऊ में भारतीय महिला क्रिकेट टीम की सदस्य दीप्ति शर्मा ने शिष्टाचार भेंट की।” भारतीय महिला क्रिकेट टीम की ऑलराउंडर दीप्ति शर्मा उत्तर प्रदेश पुलिस में डिप्टी सुपरिटेंडेंट ऑफ पुलिस (डीएसपी) के पद पर तैनात हैं। कैबिनेट बैठक में वित्त मंत्री सुरेश खन्ना ने कहा कि यह जीत न केवल भारतीय क्रिकेट के लिए गर्व का क्षण है, बल्कि देश की युवा बेटियों के लिए प्रेरणा का भी स्रोत है।
विश्व कप जीत के बाद सीएम योगी आदित्यनाथ से दीप्ति शर्मा की मुलाकात
महिला वनडे विश्व कप 2025 में अपने ऑलराउंडर प्रदर्शन के चलते दीप्ति शर्मा को ‘प्लेयर ऑफ द टूर्नामेंट’ के खिताब से नवाजा गया। दीप्ति 9 मुकाबलों में 22 विकेट के साथ सबसे अधिक विकेट हासिल करने वाली गेंदबाज रहीं। इसके अलावा, उन्होंने इंग्लैंड के खिलाफ 50 रन, जबकि साउथ अफ्रीका के विरुद्ध फाइनल मैच में 58 रन की पारी भी खेली थी। दीप्ति शर्मा ने 2 नवंबर को नवी मुंबई में खेले गए खिताबी मुकाबले में 58 रन बनाने के बाद 39 रन देकर 5 विकेट हासिल किए थे। भारत ने यह मुकाबला 52 रन से अपने नाम किया था। इसी के साथ प्रदेश कैबिनेट ने दिल्ली में हाल ही में हुई आतंकी घटना की कड़ी निंदा की है। बैठक में कहा गया कि यह घटना देश की शांति और सुरक्षा पर हमला है। मुख्यमंत्री और कैबिनेट ने हमले में मारे गए और घायल हुए लोगों के परिजनों के प्रति गहरी संवेदना व्यक्त की है।
पटना में जदयू कार्यालय के बाहर जमकर नाचीं महिलाएं, बोलीं-अब सिर्फ विकास की गंगा बहेगी
पटना। पटना में शुक्रवार को जदयू कार्यालय के बाहर माहौल बेहद रंगीन और उत्साह भरा रहा। ढोल की थाप पर महिला कार्यकर्ता नाचती-गाती दिखीं। चुनावी रुझानों में एनडीए को जबरदस्त बढ़त से खुश महिलाओं ने नतीजे घोषित होने से पहले ही जश्न मानना शुरू कर दिया। चुनाव आयोग ने जैसे ही मतगणना के रुझान देने शुरू किए, वैसे ही महिला समर्थक बड़ी संख्या में पार्टी कार्यालय पहुंचने लगीं। उन्होंने एक-दूसरे को गुलाल लगाकर बधाई दी। महिला समर्थकों ने खुशी जाहिर करते हुए कहा कि अब राजनीति में समीकरण बदल चुके हैं। एक महिला ने आईएएनएस से कहा, “लालू राज में ‘एमवाई’ का मतलब मुस्लिम और यादव था, लेकिन अब बिहार में ‘महिला और युवा’ फैक्टर चलता है। आज ये जीत इसी बदले हुए माहौल की पहचान है।” एक अन्य महिला समर्थक ने कहा, “आज की जीत विकास की जीत है। यह जीत हर उस महिला की है जिसे नीतीश कुमार ने सशक्त बनाया।”
पटना में जदयू कार्यालय के बाहर जमकर नाचीं महिलाएं, बोलीं-अब सिर्फ विकास की गंगा बहेगी
जदयू कार्यालय में मौजूद एक महिला ने कहा, “हम सभी यहां एक-दूसरे को बधाई देने आए हैं। आज हमारे लिए होली भी है और दीपावली भी। यह पीएम मोदी और सीएम नीतीश कुमार की नेतृत्व क्षमता का परिणाम है।” एक महिला ने कहा, “नीतीश कुमार रोजमर्रा के जीवन को छूने वाली योजनाएं लेकर आए। महिलाओं को सम्मान मिला, उन्हें सशक्त बनाया गया। युवाओं को रोजगार मिला। बिहार का जो भी विकास हुआ है, वह नीतीश कुमार के कारण हुआ है।” उन्होंने आगे कहा, “नीतीश कुमार वोट की चिंता नहीं करते, वे वोटर्स की चिंता करते हैं। वह सच में विकास पुरुष हैं।” एक महिला समर्थक ने कहा, “हम इसलिए ज्यादा खुश हैं क्योंकि बिहार से जंगल राज का अंत हो चुका है।” वहीं एक महिला समर्थक ने कहा, “बिहार की बहनों ने जंगल राज को खत्म किया है। अब बिहार में सिर्फ विकास की गंगा बहेगी। यह जीत एनडीए की एकता का प्रतीक है।” इस दौरान कई महिलाएं जीत के गीत गाती नजर आईं।
आकेड़ा डूंगर रीको औद्योगिक क्षेत्र के विकास कार्यों के लिए 9.85 करोड़ रुपए मंजूर
जयपुर। लंबे समय से लंबित आकेड़ा डूंगर रीको औद्योगिक क्षेत्र के विकास कार्यों की मांग आखिरकार पूरी हो गई है। राजस्थान सरकार ने क्षेत्र में आवश्यक अधोसंरचना और सुविधाओं के उन्नयन के लिए 9.85 करोड़ रुपए की स्वीकृति जारी की है। इस निर्णय का उद्योग जगत में स्वागत किया जा रहा है। लघु उद्योग भारती द्वारा इस औद्योगिक क्षेत्र के विकास के लिए लगातार प्रयास किए जा रहे थे। संगठन के राष्ट्रीय सचिव नरेश पारीक, राजस्थान प्रदेश प्रभारी घनश्याम ओझा, प्रदेश अध्यक्ष योगेंद्र कुमार शर्मा, प्रदेश महासचिव सुधीर कुमार गर्ग सहित अन्य पदाधिकारियों ने मुख्यमंत्री भजनलाल शर्मा, उद्योग मंत्री कर्नल राज्यवर्धन सिंह राठौड़, एवं प्रबंध निदेशक शिवांगी स्वर्णकार का आभार व्यक्त किया है।
आकेड़ा डूंगर रीको औद्योगिक क्षेत्र के विकास कार्यों के लिए 9.85 करोड़ रुपए मंजूर
संगठन ने सरकार द्वारा उद्योगों के हित में किए जा रहे प्रयासों की सराहना करते हुए भविष्य में भी इसी प्रकार समर्थन की अपेक्षा जताई है। स्वीकृत राशि से सड़क, ड्रेनेज, लाइटिंग, पानी, तथा अन्य मूलभूत सुविधाओं का विकास किया जाएगा। इससे औद्योगिक क्षेत्र में इन्फ्रास्ट्रक्चर मजबूत होगा, उद्यमियों को अपनी इकाइयों का संचालन अधिक सुगमता से करने में मदद मिलेगी और आकेड़ा डूंगर क्षेत्र एक विकसित एवं मॉडल औद्योगिक क्षेत्र के रूप में उभर सकेगा। सरकार के इस निर्णय से स्थानीय उद्यमियों में उत्साह का माहौल है और औद्योगिक विकास को नई दिशा मिलने की उम्मीद जताई जा रही है।